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वक्फ किसकी 'उम्मीद'...किसकी उड़ी नींद?

2025-04-02 8 Dailymotion

देशभर में इस वक्त वक्फ संशोधन बिल को लेकर चर्चा जोरों पर शुरू है, क्योंकि आज यह बिल लोकसभा में पेश कर दिया गया है. इसको लेकर मुस्लिम समाज के लोगों में आक्रोश देखने को मिल रहा है. वहीं लोकसभा में कांग्रेस ने इस दौरान जमकर हंगामा किया है. इस बिल को लेकर सरकार जहां इसे मुस्लिमों के हित में बता रही है, तो वहीं विपक्षी दल और मुस्लिमों का कहना है कि यह विधेयक संविधान का उल्लंघन है और धार्मिक आजादी के खिलाफ है. इस बहस के बीच यह जानना जरूरी है कि आखिर वक्फ बोर्ड में कौन-कौन से लोग शामिल होते हैं और वक्फ की तरह अन्य धर्मों में क्या नियम तय किए गए हैं. सबसे पहले यह जानना जरूरी है कि आखिर वक्फ क्या है. दरअसल वक्फ एक इस्लामिक प्रथा है, जिसके तरह कोई व्यक्ति या फिर कोई शासक समाज कल्याण के उद्देश्य से दान करता है. इसका प्रबंधन वक्फ बोर्ड करता है. इस्लाम में वक्फ का अर्थ है कोई भी दान जैसे कि संपत्ति को अल्लाह के नाम पर समर्पित कर देना. यह संपत्ति फिर सिर्फ समाज कल्याण के काम आती है इसका कोई भी निजी तौर पर इस्तेमाल नहीं कर सकता है, साथ ही इसे खरीदा और बेचा भी नहीं जा सकता है.