मेरे पिता समाज में अपराध मिटाने का कार्य करते हैं। उनका कार्य काफी संवेदनशील है। मैं उनसे प्रेरित होकर समाज सुधार की दिशा में कार्य करुंगी। उनसे प्रेरणा लेकर अपने लक्ष्य को हासिल करुंगी। - मीना कुमरे, बीएड द्वितीय वर्ष