डिपो अब छोटा पडऩे लगा है। इसके लिए कार्यशाला के कुछ हिस्से को डिपो में शामिल किया जाएगा। इसके लिए बीच की दीवार को तोड़ा जाएगा। दक्षिण की तरफ दुकानें बनाई जाएंगी। बसों व यात्रियों के लिए आने-जाने के अलग-अलग द्वार बनाए जाएंगे।