तीन तलाक को आपराधिक करार देने वाला विधेयक लोकसभा में पारित हो गया है। अब बिल को राज्यसभा में बहस के लिए भेजा जाएगा। निचले सदन में तीन तलाक पर बहस के दौरान कई विपक्षी पार्टियों ने विधेयक का विरोध किया और इस पेश किए जाने पर आपत्ति जताई।